शुक्रवार, 17 जून 2016

विदेशियों की देन हैं हिन्दू आैर इंडिया जैसे नाम


कुछ सालों पहले तक गली मोहल्लों की दीवारों पर एक नारा अक्सर दिखाई देता था, मैं हर बार उसे पढ़ता। दीवारों पर लिखे उन शब्दों को देखकर अक्सर ये सवाल जरूर जेहन में उभरते थे कि हिन्दू, हिन्दुस्तान, हिन्दी जैसे शब्द कहां से आए। किसने ये शब्द खोजने की कोशिश की और कैसे ये नाम हर आम ओ खास की जुबान पर चढ़ते ही चले गए। अब आपको वो नारा भी बता देता हूं। वो नारा था- ‘हिन्दी, हिन्दू, हिन्दुस्तान जागे मेरा देश महान।‘

हिन्दू शब्द की उत्पत्ति कैसे हुई? 
एक जमाने में बहुत से लोगों के लिए हिन्दू शब्द किसी धर्म का नहीं बल्कि एक स्थान पर रहने वाले समूह के लिए प्रचलित शब्द था। हालांकि आज के दौर में हिन्दू शब्द को एक धर्म से जोड़कर देखा जाता है। हिन्दू शब्द की पैदाइश को बहुत से लोग मुसलमानों और इस्लाम की देन मानते हैं, लेकिन ये बात सही नहीं है। हिन्दू शब्द की उत्पत्ति इस्लाम के जन्म से भी कई सौ वर्षों पहले ही अस्तित्व में आ चुकी थी। हिन्दू शब्द इस्लाम की नहीं बल्कि ईरानियों की देन है।   

ईरान से आया 'हिन्दु'
ये माना जाता है कि ईरान के लोगों ने सबसे पहले ‘हिन्दु‘ शब्द का उच्चारण किया। इसके पीछे तर्क ये दिया जाता है कि ईरानवासी ‘स‘ शब्द का उच्चारण ‘ह‘ किया करते थे। इस प्रकार से ‘सिन्धु‘ से ‘हिन्दु‘ की उत्पत्ति मानी जाती है, जो कि समय के साथ हिन्दू हो गया और इसे एक धर्म के साथ जोड़ दिया गया। आगे चलकर इसी हिन्दु शब्द से हिन्दुस्तान भी बना।

यूनान से आया 'इंडिया'
ईरानवासियों के उच्चारण के कारण जहां इस देश को हिन्दुस्तान कहा गया। वहीं यूनानियों ने इस देश को एक और नाम दिया। हिन्दुस्तान को मिले एक नाम ‘इंडिया‘ को यूनानियों की देन माना जाता है। इस नाम के पीछे भी उच्चारण की गलती का ही हाथ है। माना जाता है कि यूनानी लोग ‘ह‘ के स्थान पर ‘अ‘ उच्चारित करते थे। यूनानियों ने ‘हिन्दु‘ को ‘इन्दु‘ कहा और आगे चलकर ये नाम ‘इंडिया‘ बन गया। कुछ समय तक भारत को कई लोगों ने ‘इंड‘ भी कहा। दुनिया के कई ख्यातनाम कवियों ने भारत को इसी नाम से संबोधित किया है। आगे चलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का नाम ‘इंडिया‘ प्रचलित हुआ।

ह्वेनसांग का भी है नाम पर दावा
भारत के प्राचीन ग्रंथों में हिन्दुस्तान, हिन्दु, हिन्दू जैसे शब्दों का कहीं कोई उल्लेख नहीं मिलता है। हालांकि आर्यावर्त या आर्यदेश जैसे संबोधन यहां पर आम थे। हालांकि ये नाम लोकप्रिय नहीं हो सके और समय के साथ भुला दिए गए। इन सबके बीच चीनी यात्री ह्वेनसांग ने हिन्दू शब्द की जो उत्पत्ति बताई है, उस पर भी बहस हो सकती है। ह्वेनसांग का कहना है कि हिन्दू शब्द चीनी शब्द 'इन्तु' से बना है। इसका अर्थ चन्द्रमा होता है। ह्वेनसांग ने ये भी लिखा है कि जैसे हजारों-लाखों सितारों के बीच में चन्द्रमा की प्रतिष्ठित होता है वैसी ही प्रतिष्ठा भारत की है।

दुनिया भर में कुछ ही ऐसे देश होंगे जिनके इतने नाम होंगे। हिन्दू, हिन्दुस्तान, भारत, इंडिया, आर्यावर्त, आर्यदेश जैसे नाम भारत की विविधता और हर अच्छे-बुरे को हृदय में स्थान देने की पवित्र भावना को दर्शाता है। ये नाम सिर्फ इतना चाहते हैं कि दुनिया में इन्हें कभी कोई बदनामी ना झेलना पड़ी।


- अभिषेक


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